होमबिज़नेसकानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे की खामियों के बाद LDA सख्त, PNC इन्फ्राटेक को थमाया नोटिस
बिज़नेस

कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे की खामियों के बाद LDA सख्त, PNC इन्फ्राटेक को थमाया नोटिस

कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे की खामियों के बाद LDA सख्त, PNC इन्फ्राटेक को थमाया नोटिस कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे के निर्माण के खामियों के बाद एलडीए निर्माण कंपनी पीएनसी इन्फ्राटेक लिमिटेड को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। यह क…

livehindustan.com के अनुसार21 सितंबर 2026 को 01:04 am बजे
कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे की खामियों के बाद LDA सख्त, PNC इन्फ्राटेक को थमाया नोटिस

सौजन्य से:- livehindustan.com

कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे की खामियों के बाद LDA सख्त, PNC इन्फ्राटेक को थमाया नोटिस

कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे के निर्माण के खामियों के बाद एलडीए निर्माण कंपनी पीएनसी इन्फ्राटेक लिमिटेड को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। यह कार्रवाई उस समय हुई है जब कंपनी को एलडीए की चार लेन फ्लाईओवर, लूप और रैम्प निर्माण का ठेका पहले ही दिया जा चुका है।

UP News: कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे के निर्माण में कथित खामियां सामने आने के बाद लखनऊ विकास प्राधिकरण ने पीएनसी इन्फ्राटेक लिमिटेड को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। यह कार्रवाई उस समय हुई है जब कंपनी को एलडीए की महत्वाकांक्षी ग्रीन कॉरिडोर परियोजना के तहत शहीद पथ इंटरसेक्शन पर चार लेन फ्लाईओवर, लूप और रैम्प निर्माण का ठेका पहले ही दिया जा चुका है।

एलडीए ने इस परियोजना के लिए 215.65 करोड़ रुपये का आगणन तैयार कर 19 मार्च 2026 को निविदा आमंत्रित की थी। तकनीकी बोली में चार बड़ी कंपनियां पात्र पाई गई थीं, जिनमें पीएनसी इन्फ्राटेक, जीआर इन्फ्रा प्रोजेक्ट्स, एचजी इन्फ्रा इंजीनियरिंग और एनसीसी लिमिटेड शामिल थीं। वित्तीय बोली 7 मई 2026 को खोली गई, जिसमें 194.40 करोड़ रुपये की सबसे कम बोली लगाने पर पीएनसी इन्फ्राटेक को एल-1 घोषित किया गया।

एलओए जारी होने के समय नहीं था कोई विवाद

प्राधिकरण अधिकारियों के अनुसार 27 मई 2026 को कंपनी के पक्ष में लेटर ऑफ एक्सेप्टेंस जारी किया गया था। उस समय तक कंपनी के खिलाफ किसी प्रकार की प्रतिकूल कार्रवाई या विवाद की जानकारी सामने नहीं थी। एलडीए का दावा है कि पूरी निविदा प्रक्रिया निर्धारित नियमों और पारदर्शी मानकों के तहत पूरी की गई थी। एलडीए के मुताबिक कंपनी को ठेका दिए जाने के करीब डेढ़ माह बाद कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे का उद्घाटन हुआ। इसके बाद निर्माण कार्य में लापरवाही की शिकायतों पर एनएचएआई ने 3 सितंबर 2026 को पीएनसी इन्फ्राटेक के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उसे तीन साल के लिए डिबार कर दिया।

कंपनी ने मांगा स्पष्टीकरण

एनएचएआई की कार्रवाई की जानकारी मिलने के बाद एलडीए ने मामले को गंभीरता से लिया। प्राधिकरण का कहना है कि कंपनी को ठेका देने का निर्णय एनएचएआई की कार्रवाई से कई महीने पहले लिया गया था। इसके बावजूद वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए पीएनसी इन्फ्राटेक को शो-कॉज नोटिस जारी कर उसका पक्ष मांगा गया है। कंपनी के जवाब के आधार पर आगे की कार्रवाई पर निर्णय लिया जाएगा।

कानपुर तक जुड़ेगा एक्सप्रेसवे

उधर, लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे सीधे कानपुर से जुड़ेगा। अभी कानपुर की सीमा पर उन्नाव में फिर हाईवे को कनेक्ट करता है। हाईवे से जाजमऊ होते हुए कानपुर जाने वालों को एक घंटे से एक्स्ट्रा टाइम लग जा रहा है। जिसकी वजह से एक्सप्रेसवे के महंगे सफर के बावजूद लोग समय पर नहीं पहुंच पा रहे हैं।

Powered by CM Sarkar Geeta Reporter

संबंधित ख़बरें