होमबिज़नेसप्रयागराज: राम वनगमन पथ की धंसी सड़क, 2 अफसर निलंबित; फर्म पर लग सकता 82 करोड़ का जुर्माना - prayagraj ram van gaman path road cracks 2 engineers suspended
बिज़नेस

प्रयागराज: राम वनगमन पथ की धंसी सड़क, 2 अफसर निलंबित; फर्म पर लग सकता 82 करोड़ का जुर्माना - prayagraj ram van gaman path road cracks 2 engineers suspended

प्रयागराज: राम वनगमन पथ की धंसी सड़क, 2 अफसर निलंबित; फर्म पर लग सकता 82 करोड़ का जुर्माना प्रतापगढ़ से प्रयागराज तक बने राम वनगमन पथ की सड़क एक साल में ही धंस गई और उसमें दरारें आ ...और पढ़ें HighLights - राम वनगमन पथ क…

Jagran के अनुसार8 सितंबर 2026 को 10:31 pm बजे
प्रयागराज: राम वनगमन पथ की धंसी सड़क, 2 अफसर निलंबित; फर्म पर लग सकता 82 करोड़ का जुर्माना
 - prayagraj ram van gaman path road cracks 2 engineers suspended

सौजन्य से:- Jagran

प्रयागराज: राम वनगमन पथ की धंसी सड़क, 2 अफसर निलंबित; फर्म पर लग सकता 82 करोड़ का जुर्माना

प्रतापगढ़ से प्रयागराज तक बने राम वनगमन पथ की सड़क एक साल में ही धंस गई और उसमें दरारें आ ...और पढ़ें

HighLights

- राम वनगमन पथ की सड़क एक साल में ही खराब हुई।

- प्रतापगढ़ से प्रयागराज तक 350 मीटर से अधिक सड़क धंसी।

- दो इंजीनियर निलंबित, फर्म पर 82 करोड़ का जुर्माना संभव।

जागरण संवाददाता, प्रयागराज। राम वनगमन पथ की सड़क निर्माण के महज एक साल में ही जवाब देने लगी है। प्रतापगढ़ के अवतारपुर से प्रयागराज के शृंगवेरपुर धाम तक बने फोरलेन में 350 मीटर से अधिक हिस्से में बड़ी-बड़ी दरारें पड़ गई हैं। तीन अंडरपास के पास सड़क धंस गई। सड़क की इस दुर्दशा से निर्माण एजेंसी की गुणवत्ता और निगरानी व्यवस्था कठघरे में हैं।

दैनिक जागरण ने फोटो सहित सड़क की दरारों और धंसने का मामला प्रमुखता से उजागर किया तो विभाग हरकत में आया है। दिल्ली की निर्माण कंपनी एसएंडपी इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपर्स प्राइवेट लिमिटेड और गुणवत्ता जांच के लिए लगाई फर्म स्वतंत्र अभियंता मेसर्स एलएन मालवीय इंफ्रा प्रोजेक्ट प्रा. लि. को ब्लैक लिस्ट करने की संस्तुति की गई है।

समय से सड़क की मरम्मत न करने पर 82 करोड रुपये के आसपास जुर्माना भी लगाया जा सकता है। प्रोजेक्ट में लापरवाही पर पीडब्ल्यूडी एनएच खंड के अधीक्षण अभियंता और अधिशासी अभियंता को निलंबित करने की भी संस्तुति की गई है। चार दिन पहले शृंगवेरपुर धाम में गंगा नदी पर बने पुल तक करीब 350 मीटर हिस्से में सड़क पर बड़ी-बड़ी दरारें दिखाई दी थीं।

दैनिक जागरण के सोमवार के अंक में राम वनगमन परियोजना में सड़क की दरारें आने व मार्ग के कई स्थानों पर धंसने का समाचार प्रकाशित किया गया था। विभाग के अधिकारी प्रभावित हिस्से की दरारें भरवाने में जुट गए। अधीक्षण अभियंता के खिलाफ कार्रवाई की संस्तुति की गई है।

पीडब्ल्यूडी एनएच खंड-एक के अधिशासी अभियंता रवींद्र पाल सिंह ने मंगलवार को दोनों ही फर्म को दोषी मानते हुए क्षेत्रीय अधिकारी, मुख्य अभियंता सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय लखनऊ को पत्र भेजा। लखनऊ में बैठक के दौरान निर्माण की निगरानी करने वाले विभागीय अभियंताओं की भूमिका भी सवालों के घेरे में मिली।

पीडब्ल्यूडी के विभागाध्यक्ष एके द्विवेदी के अनुसार, राम वनगमन पथ के संबंध में मिली शिकायतों पर मुख्य अभियंता (राष्ट्रीय मार्ग) एके जैन ने जांच के बाद अधीक्षण अभियंता ओंकार भारतीय और अधिशासी अभियंता रवींद्र पाल सिंह के निलंबन की संस्तुति की है। प्रतापगढ़ के अतवारपुर से प्रयागराज के शृंगवेरपुर धाम तक करीब 14 किलोमीटर लंबा रामवन गमन पथ तैयार किया गया है।

इस सड़क के निर्माण के लिए करीब 407 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित है। गुणवत्ता और निर्माण में इस्तेमाल होने वाली सामग्री की जांच के लिए नई दिल्ली की एलएन मालवीय फर्म को जिम्मेदारी दी गई थी। फर्म ने इसके लिए 10 से अधिक अभियंताओं को तैनात किया था। इसके बावजूद सड़क में दरार और धंसने की समस्या सामने आने से गुणवत्ता जांच की व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

Powered by CM Sarkar Geeta Reporter

संबंधित ख़बरें