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कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेस वे पर भारी वाहनों पर बैन जारी, IIT खड़गपुर की रिपोर्ट के बाद फैसला

कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेस वे पर भारी वाहनों पर बैन जारी, IIT खड़गपुर की रिपोर्ट के बाद फैसला लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर कानपुर से लखनऊ जाने वाले भारी वाहनों पर प्रतिबंध जारी रहेगा। आईआईटी खड़गपुर की जांच रिपोर्ट आने के बाद ह…

Hindustan के अनुसार19 सितंबर 2026 को 10:04 am बजे
कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेस वे पर भारी वाहनों पर बैन जारी, IIT खड़गपुर की रिपोर्ट के बाद फैसला

सौजन्य से:- Hindustan

कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेस वे पर भारी वाहनों पर बैन जारी, IIT खड़गपुर की रिपोर्ट के बाद फैसला

लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर कानपुर से लखनऊ जाने वाले भारी वाहनों पर प्रतिबंध जारी रहेगा। आईआईटी खड़गपुर की जांच रिपोर्ट आने के बाद ही भारी वाहनों के प्रवेश और टोल वसूली पर फैसला होगा। तब तक टोल वसूली स्थगित रहेगी। एक्सप्रेसवे पर बार-बार सड़क क्षतिग्रस्त हुई है।

लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे (एनई-6) पर कानपुर से लखनऊ की तरफ भारी वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंधित जारी रहेगा। सड़क को लेकर आईआईटी खड़गपुर की जांच रिपोर्ट आने के बाद ही इस पर फैसला लिया जाएगा। तब तक के लिए टोल वसूली भी स्थगित रहेगी। लगभग 63 किमी लंबे एक्सप्रेसवे का लोकार्पण 13 जुलाई को हुआ था। आम वाहनों के लिए इसे 14 जुलाई की सुबह आठ बजे से खोला गया। 26 जुलाई को एक्सप्रेसवे के 42 किमी लंबे ग्रीन फील्ड वाले हिस्से में कानपुर-लखनऊ लेन में पहली बार सड़क धंसी। उसके बाद तो इस लेन में यह सिलसिला चल निकला। पांच अगस्त को एनएचएआई ने कानपुर-लखनऊ लेन पर भारी वाहनों के प्रवेश को प्रतिबंधित करते हुए एक्सप्रेसवे पर अगले आदेश तक टोल फ्री कर दिया।

आईआईटी खड़गपुर की रिपोर्ट के बाद फैसला

एक्सप्रेसवे की गुणवत्ता और बार-बार सड़क के क्षतिग्रस्त होने की जांच आईआईटी खड़गपुर से शुरू करा दी। तब यह बात सामने आ रही थी कि सड़क की मरम्मत होने के बाद भारी वाहनों को प्रवेश दिया जाएगा। तब से टोल वसूली भी शुरू कर दी जाएगी। ग्रीन फील्ड वाले हिस्से की सड़क की मरम्मत से एनएचएआई उबरा ही था कि 13 सितंबर की रात को कानपुर-लखनऊ लेन में एलिवेटेड रोड ही क्षतिग्रस्त हो गई। एनएचएआई के अधिकारियों का कहना है कि तय किया गया है कि आईटीआई खड़गपुर की जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद ही भारी वाहनों के प्रवेश की अनुमति और टोल वसूली पर कोई फैसला लिया जाएगा।

अब तक 18 करोड़ के टोल का नुकसान

एक्सप्रेसवे पर टोल वसूली छह अगस्त से स्थगित है। इस पर प्रतिदिन 42 लाख रुपये की टोल वसूली का आंकलन था। इस लिहाज से छह अगस्त से 18 सितंबर तक 41 दिनों के हिसाब से लगभग 17 करोड़ रुपये की टोल वसूली का नुकसान हो चुका है। एनएचएआई का कहना है कि जितने दिन टोल वसूली स्थगित रहेगी, उतने दिन का 42 लाख प्रतिदिन के हिसाब से निर्माणदायी संस्था पीएनसी से वसूली की जाएगी।

जाजमऊ पुराने गंगा पुल की मरम्मत शुरू

एनएचएआई ने जाजमऊ के पुराने गंगा पुल की मरम्मत का काम शुरू कर दिया है। जलस्तर बढ़ा होने के बावजूद पुल की खराब हो चुकीं 76 बेयरिंग बदलने के लिए जैक लगाकर गर्डर को उठाया जा रहा है। परियोजना निदेशक पंकज यादव के अनुसार, लखनऊ से कानपुर आने वाले हल्के वाहनों का आवागमन जारी रहेगा। सात मीटर चौड़ी सड़क को एक साथ खोदने के बजाय दो चरणों (साढ़े तीन-साढ़े तीन मीटर) में नया बनाया जाएगा। मरम्मत के साथ नए एक्सपेंशन ज्वाइंट भी लगाए जाएंगे, जिससे वाहनों को झटके नहीं लगेंगे।

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