लखनऊ में CEC ज्ञानेश कुमार को 'देशद्रोही' बताकर कांग्रेस नेता ने छेड़ा नया विवाद, प्रदेश मुख्यालय के बाहर लगाई होर्डिंग
लखनऊ में यूपी कांग्रेस कमेटी के प्रदेश मुख्यालय के बाहर लगे विवादित होर्डिंग से सियासी पारा गर्म हो गया है। कांग्रेस नेता हसीब खान ने होर्डिंग के जरिए सीईसी ज्ञानेश कुमार पर तीखा हमला बोला है। हेमेन्द्र त्रिपाठी, लखनऊ: उ…

सौजन्य से:- Navbharat Times
लखनऊ में यूपी कांग्रेस कमेटी के प्रदेश मुख्यालय के बाहर लगे विवादित होर्डिंग से सियासी पारा गर्म हो गया है। कांग्रेस नेता हसीब खान ने होर्डिंग के जरिए सीईसी ज्ञानेश कुमार पर तीखा हमला बोला है।
हेमेन्द्र त्रिपाठी, लखनऊ: उत्तर प्रदेश में चुनावी तारीखों के नजदीक आते आते सियासी घमासान भी तेज हो गया है। पोस्टर वॉर के जरिए अलग अलग दल के नेताओं की ओर से बोले जा रहे हमलों के बीच अब लखनऊ के मॉल एवेन्यू स्थित उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश मुख्यालय के बाहर लगे विवादित होर्डिंग ने सियासी पारा गरमा दिया है।
उत्तर प्रदेश कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग के प्रदेश उपाध्यक्ष हसीब खान की ओर से लगवाए गए इस बड़ी होर्डिंग में भारत के मुख्य निर्वाचन आयुक्त यानी सीईसी ज्ञानेश कुमार पर तीखा हमला बोला गया है। पोस्टर में उनके लिए बेहद आपत्तिजनक और कड़े शब्दों का इस्तेमाल करते हुए सीधे तौर पर उनके इस्तीफे की मांग की गई है, जिससे प्रशासनिक और राजनीतिक हलकों में खलबली मच गई है।
होर्डिंग में तल्ख संदेश
कांग्रेस मुख्यालय के मेन गेट के ठीक बाहर लगाए गए इस होर्डिंग पर बड़े-बड़े अक्षरों में लिखा गया है कि 'लोकतंत्र की हत्या करने वाले 'देशद्रोही' ज्ञानेश कुमार शर्म करो, इस्तीफा दो।' इतना ही नहीं, बैनर पर आगे यह भी लिखा किया गया है कि मुख्य चुनाव आयुक्त का साथ देने वालों पर भी देशद्रोह का मुकदमा दर्ज किया जाना चाहिए। इस होर्डिंग में कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा सहित कई अन्य सीनियर नेताओं की तस्वीरें भी दिखाई गई हैं।
'2029 में राहुल बनेंगे प्रधानमंत्री’
आपको बता दें कि होर्डिंग लगवाने वाले कांग्रेस अल्पसंख्यक विभाग के प्रदेश उपाध्यक्ष हसीब खान ने आरोप लगाया कि कांग्रेस और समूचा विपक्ष लंबे समय से चुनाव आयोग के एकतरफा और पक्षपातपूर्ण रवैये पर आवाज उठा रहा है। उन्होंने दावा किया कि देश की जनता का मूड अब बदल चुका है। हर कोई यह जान चुका है कि 2029 में राहुल गांधी देश के प्रधानमंत्री बनने जा रहे हैं। इसी डर और घबराहट की वजह से चुनाव आयोग के माध्यम से चुनावी प्रक्रिया और मतदाता सूचियों को प्रभावित करने का प्रयास किया जा रहा है।
लेखक के बारे मेंप्रशांत सिंहप्रशांत सिंह नवभारत टाइम्स ऑनलाइन में कंसल्टेंट राइटर हैं। पत्रकारिता में उनका 1.5 साल का अनुभव है। वह अभी उत्तर-प्रदेश और उत्तराखंड टीम का हिस्सा हैं। इससे पहले उन्होंने पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल, महाराष्ट्र, आंध्र-प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, पंजाब-हरियाणा, गोवा समेत नॉर्थ-ईस्ट के राज्यों की खबरों पर काम किया। उन्होंने अपने करियर की शुरूआत नवभारत टाइम्स अखबार से की थी।प्रशांत सिंह को देश-विदेश की राजनीति के बारे में लिखना बेहद पसंद है। उन्होंने पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल समेत पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों को अपनी टीम के साथ कवर किया है। इसके साथ ही उन्हें हिंद-प्रशांत महासागर और वेस्ट एशिया की जियोपॉलिटिक्स को समझने और उस पर लिखने में गहरी दिलचस्पी है।प्रशांत सिंह ने दिल्ली की गुरु गोबिंद सिंह इन्द्रप्रस्थ युनिवर्सिटी से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन किया है। इसके साथ ही उन्होंने दिल्ली की साउथ एशियन यूनिवर्सिटी से अंतर्राष्ट्रीय संबंध में पोस्ट ग्रेजुएशन किया है। उन्होंने अपनी मास्टर्स खत्म होने के बाद मीडिया जगत में कदम रखा।... और पढ़ें
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