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लखनऊ में अनिल हत्याकांड की गुत्थी सुलझी, शराब के पैसे नहीं देने पर की थी हत्या, पांच आरोपी गिरफ्तार

लखनऊ में अनिल हत्याकांड की गुत्थी सुलझी, शराब के पैसे नहीं देने पर की थी हत्या, पांच आरोपी गिरफ्तार पूछताछ में आरोपियों ने बताया, हाथापाई के दौरान अनिल असंतुलित होकर प्लॉट की नींव में लगी ईंटों पर जा गिरा. जिससे उसकी मौत…

ETV Bharat के अनुसार8 अगस्त 2026 को 03:18 pm बजे
लखनऊ में अनिल हत्याकांड की गुत्थी सुलझी, शराब के पैसे नहीं देने पर की थी हत्या, पांच आरोपी गिरफ्तार

सौजन्य से:- ETV Bharat

लखनऊ में अनिल हत्याकांड की गुत्थी सुलझी, शराब के पैसे नहीं देने पर की थी हत्या, पांच आरोपी गिरफ्तार

पूछताछ में आरोपियों ने बताया, हाथापाई के दौरान अनिल असंतुलित होकर प्लॉट की नींव में लगी ईंटों पर जा गिरा. जिससे उसकी मौत हो गई.

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team

Published : August 8, 2026 at 7:48 PM IST

लखनऊ : बीकेटी थाना क्षेत्र में अमौली लॉन के सामने खाली प्लॉट में मिले शव मामले का पुलिस ने खुलासा कर दिया है. शराब के पैसों को लेकर हत्या की गई थी. पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, डिजिटल सर्विलांस और मुखबिर की सटीक सूचना के आधार पर हत्या में शामिल पांच शातिर अभियुक्तों को किसान पथ हाईवे चंद्रिका देवी अंडरपास के पास से गिरफ्तार कर लिया है.

पुलिस पूछताछ में गिरफ्तार आरोपियों ने अपना गुनाह कबूल करते हुए पूरी खौफनाक दास्तान बयां की. 3 अगस्त को आरोपी बृजेश की गुमटी के पास बैठकर शराब पी रहे थे. वहीं पास में तरहैया सैरपुर निवासी अनिल कुमार (36) भी नशे की हालत में बैठा था. आरोपियों ने अनिल से शराब पीने के लिए पैसों की मांग की. अनिल ने पैसे देने से इनकार कर दिया, तो आरोपियों ने उसके साथ धक्का-मुक्की शुरू कर दी.

इसी हाथापाई के दौरान अनिल असंतुलित होकर प्लॉट की नींव में लगी ईंटों पर जा गिरा. ईंट से टकराने के कारण अनिल के सिर और आंख में गंभीर चोटें आईं, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई. वारदात के बाद सभी आरोपी घबराकर अनिल का मोबाइल फोन लूटकर मौके से फरार हो गए.

डीसीपी उत्तरी अमित कुमार आनन्द ने बताया, 3 अगस्त को शव मिलने के बाद परिजनों ने अत्यधिक शराब पीने से मौत की आशंका जताई थी और शरीर पर कोई बाहरी चोट नजर नहीं आ रही थी. हालांकि, पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में मौत का कारण हेड इंजरी आने पर पुलिस का शक गहरा गया. जब बीकेटी पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की पड़ताल की, तो 3 अगस्त की सुबह 10:18 बजे अनिल कुछ युवकों के साथ हाथापाई करता हुआ दिखाई दिया.

इसके बाद मृतक के भाई विवेक विश्वकर्मा की लिखित तहरीर पर हत्या का केस दर्ज किया गया. शनिवार सुबह करीब 6:30 बजे बीकेटी पुलिस और सर्विलांस टीम ने मुखबिर की सूचना पर शिवखड़ चंद्रिका देवी अंडरपास के आगे से पांचों अभियुक्तों को घेराबंदी कर दबोच लिया.

आरोपियों की पहचान दुर्गेश यादव (29) निवासी जगदीशपुर, बीकेटी वैन ड्राइवर, कुबेर यादव उर्फ अमर (24) निवासी उमरभारी, सैरपुर (खेती/मजदूरी), रंजीत रावत (45) निवासी तरहिया, सैरपुर (मजदूरी), रामकेश यादव (40) निवासी उमरभारी, सैरपुर (खेती), अवधेश यादव (38) निवासी तरहिया, सैरपुर (रंगाई-पुताई) के रूप में हुई है. आरोपी कुबेर यादव की निशानदेही पर मृतक का की पैड मोबाइल फोन भी बरामद कर लिया गया है.

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