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यूपी के किसानों की आय बढ़ाने के लिए गूगल और अन्य कंपनियों के साथ सरकार ने किया एमओयू

प्रदेश में किसानों की हालात सुधारने के लिए योगी सरकार लगातार प्रयास कर रही है। इसी क्रम में योगी सरकार ने गूगल समेत अन्य कंपनियों के साथ एमओयू साइन किया है। लखनऊ: उत्तर प्रदेश में किसानों की उत्पादकता और आमदनी में वृद्धि…

Navbharat Times के अनुसार26 अगस्त 2026 को 06:23 pm बजे
यूपी के किसानों की आय बढ़ाने के लिए गूगल और अन्य कंपनियों के साथ सरकार ने किया एमओयू

सौजन्य से:- Navbharat Times

प्रदेश में किसानों की हालात सुधारने के लिए योगी सरकार लगातार प्रयास कर रही है। इसी क्रम में योगी सरकार ने गूगल समेत अन्य कंपनियों के साथ एमओयू साइन किया है।

लखनऊ: उत्तर प्रदेश में किसानों की उत्पादकता और आमदनी में वृद्धि के लिए बुधवार को गूगल और आईटीसी समेत प्रमुख कंपनियों के साथ एमओयू साइन किया। राज्य सरकार द्वारा जारी बयान के मुताबिक, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मौजूदगी में गूगल एवं ग्लोबल एंड नेटवर्क फॉर ह्यूमैनिटी, आईटीसी और एक्वाब्रिज के साथ विश्व बैंक द्वारा वित्तपोषित उत्तर प्रदेश एग्रीकल्चर ग्रोथ एंड रूरल एंटरप्राइज इकोसिस्टम स्ट्रेंथनिंग (यूपी-एग्रीज) परियोजना के तहत यूपीडीएएसपी (उत्तर प्रदेश विविधीकृत कृषि सहायता परियोजना) के साथ ये एमओयू किए गए।

अधिकारियों के मुताबिक, इन एमओयू का लक्ष्य सिर्फ कृषि उत्पादन बढ़ाना नहीं, बल्कि किसान की आय, खेती की जलवायु अनुकूलन क्षमता को मूल्यवर्द्धन और ग्रामीण उद्यमिता को एक साथ मजबूत करना भी है। उन्होंने बताया कि ये एमओयू पूर्वी उत्तर प्रदेश के 21 और बुंदेलखंड के सात जिलों में कृषि उत्पादकता व अन्नदाताओं की आय में वृद्धि में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यूपीएग्रीज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और विश्व बैंक के अध्यक्ष के दृष्टिकोण के अनुरूप उत्तर प्रदेश में धरातल पर कार्य करते दिख रहा है और ये एमओयू उसी कड़ी को मजबूत तरीके से बढ़ाने के लिए किए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि लगभग चार हजार करोड़ रुपये की विश्व बैंक समर्थित इस परियोजना का केंद्र पूर्वी उत्तर प्रदेश और बुंदेलखंड पर है, जहां बदलाव की जरूरत के साथ-साथ व्यापक संभावनाएं हैं।

उन्होंने कहा कि इन क्षेत्रों को पिछड़ेपन का पर्याय मानकर दशकों तक उपेक्षित छोड़ दिया गया था, आज वही क्षेत्र सरकार की प्राथमिकता व प्रदेश की उत्पादकता का आधार भी बन रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हम पूर्वी उत्तर प्रदेश और बुंदेलखंड के 28 जिलों के 123 विकास खंडों में इस परियोजना को लागू कर रहे हैं। इसका लक्ष्य लगभग छह लाख हेक्टेयर क्षेत्र को लेते हुए 10 लाख किसानों, 35 हजार मत्स्य उत्पादक किसानों व तीन लाख महिलाओं को लाभ पहुंचाना है।

लेखक के बारे मेंविवेक मिश्राविवेक कुमार मिश्रा (Vivek Kumar Mishra) नवभारत टाइम्स ऑनलाइन (NBT.Com) में सीनियर डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर (Senior Digital Content Producer) हैं। उत्तर प्रदेश की राजनीतिक-सियासी हलचल पर नजर रखते हैं। यूपी राजनीतिक विश्लेषण, उत्तर प्रदेश में हो रही घटनाओं पर नजर रखते हैं। उत्तर प्रदेश में अपराध, प्रशासन, डेवलपमेंट, यूपी सरकारी योजनाओं पर फोकस रखते हैं। उत्तराखंड की राजनीति हलचल, विश्लेषण, अपराध और घटनाक्रम पर भी विवेक कुमार मिश्रा फोकस रखते हैं।

अनुभव

यूपी के लखनऊ, मुरादाबाद, आगरा और नोएडा में हिंदुस्तान, अमर उजाला, दैनिक जागरण जैसे प्रिंट मीडिया में काम कर चुके हैं। दिसंबर 2020 से नवभारत टाइम्स ऑनलाइन के साथ जुड़े हैं। पत्रकारिता में 10 साल से ज्यादा का अनुभव है। इसमें डेस्क और फील्ड दोनों में काम किया है।

शिक्षा

राम मनोहर लोहिया विश्वविद्यालय से स्नातक किया है। राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय प्रयागराज से मास्टर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन (MJMC) में परास्नातक किया हुआ है। विवेक कुमार मिश्रा मूल रूप से यूपी के बाराबंकी जिले के रहने वाले हैं।... और पढ़ें

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