कानपुर नगर निगम में दागी फर्म को दूने पर ठेका
कानपुर नगर निगम में दागी फर्म को दूने पर ठेका कानपुर नगर निगम में टेंडर घोटालों का पर्दाफाश हुआ है। आगरा के रवि लवानिया की फर्म के खिलाफ शिकायत की गई है कि उसने नगर निगम को ठेके गलत तरीके से दिए। लवानिया का नाम और उसके स…

सौजन्य से:- livehindustan.com
कानपुर नगर निगम में दागी फर्म को दूने पर ठेका
कानपुर नगर निगम में टेंडर घोटालों का पर्दाफाश हुआ है। आगरा के रवि लवानिया की फर्म के खिलाफ शिकायत की गई है कि उसने नगर निगम को ठेके गलत तरीके से दिए। लवानिया का नाम और उसके सहयोगियों के खिलाफ जांच जारी है। पुलिस आयुक्त ने बताया कि टेंडर देने में अधिकारियों की भूमिका की जांच की जा रही है।
कानपुर, प्रमुख संवाददाता। नगर निगम में टेंडर घोटालों की रोजाना चौंकाने वाली जानकारी सामने आ रही है। अब आगरा के रहने वाले रवि लवानिया की फर्म इनवायरमेंटल टेक्नो के खिलाफ पुलिस से शिकायत की गई है। आरोप है कि नगर निगम के प्रभावशाली लोगों ने कूड़ा निस्तारण और सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट का टेंडर निर्धारित से दोगुनी कीमत पर दिला दिया। स्वच्छ भारत मिशन के काम में लापरवाही और घपलेबाजी के आरोप में यह फर्म आगरा, अलीगढ़ और मध्यप्रदेश में ब्लेक लिस्टेड है। सिक्योरिटी मनी भी जब्त कर ली गई थी। जनवरी में हुई पुलिस की गोपनीय जांच में भी यह तथ्य सामने आए थे। शिकायत के बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल ने बताया कि नगर निगम में भ्रष्टाचार से जुड़ी एक और शिकायत मिली है। इसमें आरोप है कि आगरा के रसूखदार ठेकेदार रवि लवानिया की फर्म को मानकों के विपरीत टेंडर दिया गया। शिकायत के अनुसार ठेकेदारों का रैकेट चलाने वाला गोविंद शर्मा ही रवि लवानिया को कानपुर लाया और सिंडिकेट से मुलाकात कराई। आरोप है कि पूर्व में कूड़ा निस्तारण का ठेका 400 रुपये प्रति टन की दर से मिलता था, लेकिन रवि की फर्म को 800 रुपये में दिलाया गया। पुलिस कमिश्नर ने बताया कि टेंडर दोगुने दामों में कैसे और किन परिस्थितियों में दिया गया, किन-किन अधिकारियों, कर्मचारियों और ठेकेदारों की सहभागिता थी, सभी बिंदुओं की जांच स्टाफ अफसर को दी गई है। उनकी रिपोर्ट आने के बाद मुकदमा दर्ज कराया जाएगा。
लवानिया का ठेकेदारों को धमकाना
पूल से बाहर ठेकेदारों को धमकाता था लवानिया
पुलिस आयुक्त के अनुसार पुलिस ने पूर्व में कराई गई जांच में सामने आया है कि लवानिया नगर निगम के पॉवरफुल सिंडिकेट का हिस्सा बनने के बाद पूल के बाहर के ठेकेदारों को टेंडर डालने में धमकाता था। सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट का टेंडर हासिल करने के बाद काम में अनियमितताएं मिलने पर नगर निगम में उसकी फर्म के खिलाफ विरोध भी हुआ, लेकिन प्रभावशाली लोगों का संरक्षण प्राप्त होने के कारण कोई कार्रवाई नहीं की गई। पुलिस आयुक्त ने बताया कि जनवरी 2026 में उन्होंने एलआईयू से जांच कराई थी। उस रिपोर्ट में भी रवि लवानिया और गोविंद शर्मा की फर्म को टेंडर दिलाने में प्रभावशाली लोगों की पैरवी की बातें सामने आई हैं। रिपोर्ट के मुताबिक सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट और डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन का टेंडर क्रमश: 10 व 25 साल के लिए रवि की इनवायरमेंटल टेक्नो फर्म और गोविंद शर्मा की मेसर्स कैला देवी को देने की पैरवी की गई।
स्वच्छ भारत मिशन के तहत करोड़ों का टेंडर
पुलिस आयुक्त ने बताया कि पूर्व में अलीगढ़, आगरा के अलावा मध्य प्रदेश के शिवपुरी नगर पालिका में इनवायरमेंटल टेक्नो फर्म को स्वच्छ भारत मिशन के तहत करोड़ों रुपयों के कार्य का टेंडर मिला था। काम सही तरीके से न करने और घपलेबाजी के आरोपों में टेंडर निरस्त कर दिए गए। शिवपुरी नगर पलिका और आगरा में फर्म की बैंक में डिपॉजिट सिक्योरिटी मनी भी जब्त कर ली गई थी। पुलिस को शिवपुरी नगर पालिका के मुख्य नगर पालिका अधिकारी की ओर से इसकी रिपोर्ट मिली है।
रिटायर्ड लेखाकार रामजी अवस्थी का नाम आया
रिटायर्ड लेखाकार रामजी अवस्थी का नाम आया
एसआईटी की जांच में मई 2024 में नगर निगम से रिटायर्ड लेखाकार रामजी अवस्थी का भी नाम सामने आया है। पुलिस आयुक्त ने बताया कि सिंडिकेट से गठजोड़ के कारण रामजी अवस्थी को रिटायरमेंट के बाद आउट सोर्सिंग के जरिए 45 हजार रुपए प्रतिमाह वेतन पर केयर टेकर के पद पर नियुक्त कर दिया गया। रामजी अवस्थी पर बिलों के भुगतान के कई आरोप लगे हैं। रामजी अवस्थी के परिचितों से जुड़ी तीन फर्में भी नगर निगम में पंजीकृत हैं।
नगर निगम के नोडल से कोआर्डीनेट करेगी एसआईटी
पुलिस आयुक्त ने कहा कि एसआईटी की जांच के दौरान नगर निगम के काम में कोई बाधा न आए, इसलिए अब नोडल अधिकारी से बातचीत की जाएगी। नगर आयुक्त को एक नोडल अधिकारी नियुक्त करने को कहा गया है। नगर निगम के अभिलेख, पूछताछ के लिए नोटिस तामील कराने समेत अन्य कार्यों के लिए अब एसआईटी नोडल अधिकारी से ही संपर्क करेगी। बीते दिनों काम के दौरान देखने में आया कि एसआईटी के पहुंचते ही अधिकारी कर्मचारी कार्यालय छोड़कर इधर-उधर निकल जाते हैं।
Powered by CM Sarkar Geeta Reporter
संबंधित ख़बरें

UP में पलटी मारेगा मौसम! लखनऊ समेत इन 20 जिलों में बारिश का अलर्ट

Varanasi News: शिवपुर में बस की टक्कर से ठेकेदार की मौत

कानपुर में दवा कारोबारी हत्याकांड में बेटा गिरफ्तार, नौकर का दावा- शालू ने नहीं सुब्रत ने करवाई पिता की हत्या - kanpur vineet minocha murder case son subrat arrested confronted with shalu during probe


