यूपी में युवा शुरू कर सकते हैं अपना कारोबार: CM YUVA में ₹5 लाख तक का बिना गारंटी लोन; 4 साल तक पूरा ब्याज माफ, ऐसे करें आवेदन
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यूपी में युवा शुरू कर सकते हैं अपना कारोबार:CM YUVA में ₹5 लाख तक का बिना गारंटी लोन; 4 साल तक पूरा ब्याज माफ, ऐसे करें आवेदन
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उत्तर प्रदेश में अपना कारोबार शुरू करने वाले युवाओं के लिए सरकार मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान (CM YUVA) चला रही है। इस योजना में पहली बार कारोबार शुरू करने वालों को ₹5 लाख तक का बिना गारंटी और बिना जमानत लोन दिया जाता है। खास बात यह है कि इस लोन पर 4 साल तक 100% ब्याज सब्सिडी मिलती है। साथ ही, प्रोजेक्ट की लागत पर 10% मार्जिन मनी सहायता भी दी जाती है।
अगर युवा पहले चरण का लोन समय पर चुका देता है, तो वह योजना के दूसरे चरण में ₹10 लाख से ₹20 लाख तक के प्रोजेक्ट के लिए मदद ले सकता है। दूसरे चरण में 3 साल तक 50% ब्याज सब्सिडी मिलती है।
योजना के तहत सिर्फ आर्थिक मदद ही नहीं दी जाती, बल्कि उद्यमिता प्रशिक्षण, प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार करने में सहायता, मेंटरिंग और डिजिटल लेन-देन अपनाने में भी मदद दी जाती है। आईए समझते हैं पूरी योजना
CM YUVA में ₹5 लाख तक का लोन
मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान को उत्तर प्रदेश सरकार ने युवाओं को अपना कारोबार शुरू करने के लिए शुरू किया है। योजना की घोषणा 2024 के बजट में की गई थी और इसका पोर्टल 24 जनवरी 2025 को लॉन्च किया गया।
इस योजना का लक्ष्य हर साल 1 लाख नए सूक्ष्म उद्यम स्थापित करना है। 10 साल में 10 लाख नए उद्यम स्थापित करने का लक्ष्य रखा गया है।
21 से 40 साल के युवा कर सकते हैं आवेदन
- योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक का उत्तर प्रदेश का स्थायी निवासी होना जरूरी है।
- आवेदन के समय उसकी उम्र 21 से 40 साल के बीच होनी चाहिए।
- इसके अलावा आवेदक कम से कम कक्षा 8 पास होना चाहिए।
- मान्यता प्राप्त प्रमाणपत्र, डिप्लोमा या डिग्री वाले युवा भी आवेदन कर सकते हैं।
सरकारी प्रशिक्षण प्राप्त युवाओं को प्राथमिकता दी जाती है। इनमें उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन, ODOP प्रशिक्षण, विश्वकर्मा श्रम सम्मान, पीएम विश्वकर्मा, ITI और पॉलीटेक्निक जैसे प्रशिक्षण शामिल हैं।
महिलाओं, बेरोजगार युवाओं, SC, ST, OBC, अल्पसंख्यक और दिव्यांग आवेदकों को भी प्राथमिकता दी जाती है।
हालांकि, आवेदक किसी बैंक या वित्तीय संस्था का डिफॉल्टर नहीं होना चाहिए। साथ ही, उसी कारोबार के लिए किसी दूसरी सरकारी योजना में ब्याज सब्सिडी या मार्जिन मनी का लाभ नहीं ले रहा होना चाहिए।
आवेदन के लिए ये जरूरी डॉक्यूमेंट
आवेदन के बाद क्या होगा?
आवेदन जमा करने के बाद जिला उद्योग एवं उद्यम प्रोत्साहन केंद्र आवेदन की जांच करता है। दस्तावेज और पात्रता सही पाए जाने पर आवेदन जिला स्तर की समिति के सामने रखा जाता है।
इसके बाद चयनित आवेदन बैंक को भेजा जाता है। बैंक कारोबार की प्रोजेक्ट रिपोर्ट और प्रस्ताव का मूल्यांकन करता है। बैंक से लोन मंजूर होने के बाद राशि कारोबार शुरू करने के लिए जारी की जाती है।
मशीनरी खरीदने या यूनिट स्थापित करने के आधार पर लोन का वितरण किस्तों में भी किया जा सकता है।
योजना के नियमों के अनुसार ब्याज सब्सिडी विभाग की ओर से लोन खाते में समायोजित की जाती है।
सरकारी ट्रेनिंग नहीं ली है तो पहले ये करें
अगर आपके पास किसी सरकारी योजना का प्रशिक्षण प्रमाणपत्र नहीं है, तो आवेदन से पहले उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन से संबंधित ट्रेड में प्रशिक्षण लिया जा सकता है।
ट्रेनिंग पूरी करने के बाद प्रमाणपत्र मिलने पर CM YUVA में आवेदन किया जा सकता है। सरकारी प्रशिक्षण प्रमाणपत्र होने से चयन में प्राथमिकता मिल सकती है।
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