लखनऊ में स्वाइन फ्लू डराने लगा, 7 और मरीज मिले; सक्रिय संक्रमितों की संख्या 66 पहुंची
लखनऊ में स्वाइन फ्लू के 7 नए मामले सामने आए हैं। स्वास्थ्य विभाग ने स्थिति नियंत्रण में होने का दावा किया है। सरकारी अस्पतालों में मुफ्त जांच की सुविधा उपलब्ध है। हाइलाइट्स एक मरीज को SGPGI से डिस्चार्ज कर दिया गया आइसोल…

सौजन्य से:- Navbharat Times
लखनऊ में स्वाइन फ्लू के 7 नए मामले सामने आए हैं। स्वास्थ्य विभाग ने स्थिति नियंत्रण में होने का दावा किया है। सरकारी अस्पतालों में मुफ्त जांच की सुविधा उपलब्ध है।
हाइलाइट्स
एक मरीज को SGPGI से डिस्चार्ज कर दिया गया
आइसोलेशन प्रोटोकॉल का पालन करने की सलाह
शनिवार को लखनऊ में 22 संक्रमित मिले थे
हेमेन्द्र त्रिपाठी, लखनऊ: राजधानी लखनऊ में तेजी से बढ़ रहे स्वाइन फ्लू के मामलों के बीच शहर में एक बार फिर 7 नए मामले दर्ज किए गए हैं। बताया जाता है कि इनमें से 3 मरीजों की स्थिति को देखते हुए उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जबकि 4 मरीजों को डॉक्टरों की निगरानी में होम आइसोलेशन में रखा गया है। अस्पताल में भर्ती कराए गए मरीजों में से दो को बलरामपुर अस्पताल और एक मरीज को लखनऊ मेडिकल कॉलेज (KGMU) में भर्ती कराया गया है। इन नए मामलों के साथ ही लखनऊ में स्वाइन फ्लू के एक्टिव मरीजों की कुल संख्या बढ़कर 66 हो गई है।
4 मरीज गंभीर
स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी हुए आंकड़ों के अनुसार, इससे पहले शनिवार को जिले में 22 नए स्वाइन फ्लू के मरीज मिले थे, जिनमें से 4 गंभीर मरीजों को विभिन्न अस्पतालों में एडमिट कराया गया था। संक्रमण के मामलों में वृद्धि हो रही है, लेकिन रिकवरी भी देखने को मिल रही है। बीते 24 घंटों के दौरान SGPGI में भर्ती एक मरीज के स्वस्थ होने के बाद उसे अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया।
सरकारी अस्पतालों में मुफ्त जांच
लखनऊ के CMO डॉ. एन.बी. सिंह ने जानकारी देते हुए कहा कि मामलों में इजाफा दर्ज हुआ है, लेकिन हालात पूरी तरह नियंत्रण में हैं और पैनिक होने की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने बताया कि जिले के सभी प्रमुख सरकारी अस्पतालों में स्वाइन फ्लू की जांच पूर्णतः नि:शुल्क उपलब्ध है। इसके साथ ही निजी पैथोलॉजी और जांच केंद्रों के लिए स्पष्ट निर्देश हैं कि वे स्वाइन फ्लू की जांच के लिए किसी भी मरीज से 3 हजार से अधिक शुल्क नहीं ले सकते। सीएमओ ने संक्रमण की रोकथाम के लिए मरीजों को आइसोलेशन प्रोटोकॉल का कड़ाई से पालन कराने और विशेषज्ञों की सलाह पर ही दवाएं लेने की अपील की है।
लेखक के बारे मेंविवेक मिश्राविवेक कुमार मिश्रा (Vivek Kumar Mishra) नवभारत टाइम्स ऑनलाइन (NBT.Com) में सीनियर डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर (Senior Digital Content Producer) हैं। उत्तर प्रदेश की राजनीतिक-सियासी हलचल पर नजर रखते हैं। यूपी राजनीतिक विश्लेषण, उत्तर प्रदेश में हो रही घटनाओं पर नजर रखते हैं। उत्तर प्रदेश में अपराध, प्रशासन, डेवलपमेंट, यूपी सरकारी योजनाओं पर फोकस रखते हैं। उत्तराखंड की राजनीति हलचल, विश्लेषण, अपराध और घटनाक्रम पर भी विवेक कुमार मिश्रा फोकस रखते हैं।
अनुभव
यूपी के लखनऊ, मुरादाबाद, आगरा और नोएडा में हिंदुस्तान, अमर उजाला, दैनिक जागरण जैसे प्रिंट मीडिया में काम कर चुके हैं। दिसंबर 2020 से नवभारत टाइम्स ऑनलाइन के साथ जुड़े हैं। पत्रकारिता में 10 साल से ज्यादा का अनुभव है। इसमें डेस्क और फील्ड दोनों में काम किया है।
शिक्षा
राम मनोहर लोहिया विश्वविद्यालय से स्नातक किया है। राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय प्रयागराज से मास्टर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन (MJMC) में परास्नातक किया हुआ है। विवेक कुमार मिश्रा मूल रूप से यूपी के बाराबंकी जिले के रहने वाले हैं।... और पढ़ें
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