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यूपी चुनाव 2027 को लेकर भाजपा कार्यसमिति की लखनऊ में बैठक, शाह और नितिन नवीन होंगे शामिल - bjp up working committee meeting in lucknow mission 2027 strategy

यूपी चुनाव 2027 को लेकर भाजपा कार्यसमिति की लखनऊ में बैठक, शाह और नितिन नवीन होंगे शामिल भाजपा उत्तर प्रदेश में मिशन-2027 के लिए रणनीति तैयार कर रही है, जिसमें विरोधी दलों के नैरेटिव को तोड़ने और वोटरों को रिझाने पर जोर…

Jagran के अनुसार15 सितंबर 2026 को 03:04 am बजे
यूपी चुनाव 2027 को लेकर भाजपा कार्यसमिति की लखनऊ में बैठक, शाह और नितिन नवीन होंगे शामिल
 - bjp up working committee meeting in lucknow mission 2027 strategy

सौजन्य से:- Jagran

यूपी चुनाव 2027 को लेकर भाजपा कार्यसमिति की लखनऊ में बैठक, शाह और नितिन नवीन होंगे शामिल

भाजपा उत्तर प्रदेश में मिशन-2027 के लिए रणनीति तैयार कर रही है, जिसमें विरोधी दलों के नैरेटिव को तोड़ने और वोटरों को रिझाने पर जोर है।

HighLights

- मिशन 2027 की रणनीति और वोटर रिझाने का मंत्र

- लखनऊ में 2-3 अक्टूबर को कार्यसमिति, शीर्ष नेता होंगे शामिल

- आंतरिक चुनौतियों और सहयोगी दलों के दबाव पर मंथन

राज्य ब्यूरो, लखनऊ। चुनावी वर्ष में भाजपा अपने तरकश में हर वो तीर सजाने में जुटी है जो चुनावी लक्ष्य को भेद सके।

राष्ट्रीय महामंत्री संगठन बीएल संतोष, प्रदेश प्रभारी विनोद तावड़े ने टीम यूपी के सामने मिशन-2027 का खाका रखते हुए विरोधी दलों के नैरेटिव को तोड़ने, प्रभावी स्लोगन एवं नारे गढ़ने, रात्रि प्रवास एवं चौपाल के जरिए वोटरों को रिझाने का मंत्र दिया है, जिसे दो-तीन अक्टूबर को लखनऊ में प्रस्तावित कार्यसमिति की बैठक में तैयार कर धरातल पर उतारा जाएगा।

गृहमंत्री अमित शाह, राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, रक्षामंत्री राजनाथ सिंह समेत सभी राष्ट्रीय पदाधिकारी, केंद्रीय एवं राज्य के मंत्री व जिलाध्यक्ष व जिला प्रभारी भाग लेंगे। पिछली कार्यसमिति की बैठक 14 जुलाई 2024 को लखनऊ में हुई थी।

पार्टी जानती है कि यूपी में अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावा चोरी, यूजीसी, एवं आरक्षण पर द्वंद, ब्राह्मण एवं ओबीसी राजनीति में उबाल और संभल, रामपुर, मुरादाबाद एवं सहारनपुर जैसे जिलों में ध्रुवीकरण की आंच सूबे की राजनीतिक चाल को प्रभावित कर रही है।

एनडीए के सहयोगी दल सुभासपा, अपना दल-एस, रालोद एवं निषाद पार्टी अपने-अपने क्षेत्रों में शक्ति प्रदर्शन एवं पिछड़ों के हक संबंधी मुद्दों को हवा देकर ज्यादा सीटों के लिए भाजपा पर दबाव बना रहे हैं। इधर, भाजपा की आंतरिक हलचल भी चिंता का सबब बन रही हैं।

जनप्रतिनिधि एवं मंत्री तक कई बार अधिकारियों के खिलाफ धरना दे चुके हैं, वहीं क्षेत्रीय संगठन में विस्तार को लेकर विरोध एवं आरोप का पारा चढ़ रहा है। कार्यसमिति की बैठक में इस सारे विषयों को मथकर पार्टी एक लाइन तय करेगी।

पार्टी के राजनीतिक विश्लेषक मान रहे हैं कि पार्टी मथुरा-वृंदावन के बहाने हार्डकोर हिंदुत्व की लहर भी ऊंची रखेगी। प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने बताया कि जल्द ही मोर्चों की क्षेत्रीय टीमों एवं कार्यसमिति सदस्यों की घोषणा कर संगठन का आकार पूरा कर लिया जाएगा।

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