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अलीगढ़ में चुनाव की तैयारियां तेज, 19 से 21 सितंबर तक राजनीतिक दलों के सामने होगा EVM मॉकपोल

अलीगढ़ में चुनाव की तैयारियां तेज, 19 से 21 सितंबर तक राजनीतिक दलों के सामने होगा EVM मॉकपोल अलीगढ़ में चुनाव को लेकर 19 से 21 सितंबर तक ईवीएम-वीवीपैट का मॉकपोल होगा. यह प्रक्रिया राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की मौजूदगी…

etvbharat.com के अनुसार17 सितंबर 2026 को 04:04 pm बजे
अलीगढ़ में चुनाव की तैयारियां तेज, 19 से 21 सितंबर तक राजनीतिक दलों के सामने होगा EVM मॉकपोल

सौजन्य से:- etvbharat.com

अलीगढ़ में चुनाव की तैयारियां तेज, 19 से 21 सितंबर तक राजनीतिक दलों के सामने होगा EVM मॉकपोल

अलीगढ़ में चुनाव को लेकर 19 से 21 सितंबर तक ईवीएम-वीवीपैट का मॉकपोल होगा. यह प्रक्रिया राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की मौजूदगी में होगी.

By ETV Bharat Uttar Pradesh Team

Published : September 17, 2026 at 9:15 PM IST

अलीगढ़: आगामी विधानसभा सामान्य निर्वाचन की तैयारियों के तहत अलीगढ़ में ईवीएम और वीवीपैट की विश्वसनीयता जांचने की प्रक्रिया तेज हो गई है. ईसीआईएल मेक-3 मॉडल की ईवीएम एवं वीवीपैट की फर्स्ट लेवल चेकिंग के बाद अब 19 से 21 सितंबर तक मॉकपोल कराया जाएगा. इसके बाद डाले गए वोटों की मतगणना की प्रक्रिया भी पूरी की जाएगी. खास बात यह है कि पूरी प्रक्रिया मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों एवं प्रतिनिधियों की मौजूदगी में संपन्न होगी.

सुबह 10 से शाम 5 बजे तक होगा मॉकपोल: जिला प्रशासन के अनुसार भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों के तहत यह प्रक्रिया कलक्ट्रेट स्थित ईवीएम वेयर हाउस में प्रतिदिन सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक चलेगी. मॉकपोल के दौरान राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों और प्रतिनिधियों के साथ चुनाव लड़ने वाले अभ्यर्थियों के प्रतिनिधियों को भी पूरी प्रक्रिया देखने का अवसर मिलेगा. संबंधित राजनीतिक दलों के 10-10 प्रतिनिधि भी इसमें मौजूद रहेंगे. उप जिला निर्वाचन अधिकारी सौरभ भट्ट ने बताया कि ईवीएम-वीवीपैट की फर्स्ट लेवल चेकिंग का कार्य ईसीआईएल, हैदराबाद के इंजीनियरों के माध्यम से कराया जा रहा है.

अलग-अलग क्षमता वाली मशीनों पर होगा वोटों का परीक्षण: एफएलसी के बाद आयोग के निर्धारित नियमों के अनुसार मॉकपोल कराया जाएगा. इसके बाद मॉकपोल में डाले गए मतों की मतगणना कर ईवीएम-वीवीपैट की कार्यप्रणाली और परिणामों का परीक्षण किया जाएगा. निर्वाचन आयोग के नियमों के अनुसार अलग-अलग क्षमता वाली ईवीएम एवं वीवीपैट के लिए मॉकपोल का अनुपात तय किया गया है. 1200 मतों की क्षमता वाली ईवीएम एवं वीवीपैट के एक प्रतिशत, जबकि 1000 और 500 मतों की क्षमता वाली मशीनों के दो-दो प्रतिशत पर मॉकपोल होगा.

राजनीतिक दलों से समय पर पहुंचकर प्रक्रिया देखने की अपील: प्रक्रिया के दौरान डाले गए मॉक वोटों की गिनती कर परिणामों का मिलान किया जाएगा. उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों और प्रतिनिधियों से निर्धारित तिथियों में समय से ईवीएम वेयर हाउस पहुंचकर पूरी प्रक्रिया देखने की अपील की है. प्रशासन का कहना है कि चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता और विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुरूप सभी जरूरी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं. निर्वाचन कार्यालय ने मतदाता जागरूकता बढ़ाने के लिए भारत निर्वाचन आयोग के कई प्रकाशनों को जिला निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट पर उपलब्ध कराया है.

मतदाताओं की जानकारी के लिए ऑनलाइन उपलब्ध कराए गए प्रकाशन: इनमें इलेक्टोरल लिटरेसी क्लब, ईसीआई नेट की हिंदी-अंग्रेजी बुकलेट और 'अपने चुनाव को जानें' के हिंदी एवं अंग्रेजी प्रकाशन शामिल हैं. सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी विजय कुमार शर्मा ने बताया कि इन प्रकाशनों को वेबसाइट पर अपलोड करने का उद्देश्य आमजन, मतदाताओं, निर्वाचन कार्मिकों, अधिकारियों और राजनीतिक दलों को चुनाव प्रक्रिया से जुड़ी उपयोगी जानकारी आसानी से उपलब्ध कराना है. उन्होंने नागरिकों और निर्वाचन से जुड़े सभी संबंधित लोगों से इन प्रकाशनों का अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील की है. ये सभी प्रकाशन जिला निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट के निर्वाचन आयोग संबंधी प्रकाशन वाले अनुभाग में उपलब्ध हैं.

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