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यूपी पुलिस में बड़ा बदलाव: पहली बार सिविल सेवा अफसरों संग ट्रेनिंग लेंगे 17 नए DySP, बदल गए नियम - up police dysp training pattern change civil services 2026

यूपी पुलिस में बड़ा बदलाव: पहली बार सिविल सेवा अफसरों संग ट्रेनिंग लेंगे 17 नए DySP, बदल गए नियम उत्तर प्रदेश में 17 नए डिप्टी एसपी का प्रशिक्षण अब 22 माह का होगा, जिसमें पहली बार वे सिविल सेवा अधिकारियों के साथ समन्वय प…

Jagran के अनुसार9 अगस्त 2026 को 01:18 am बजे
यूपी पुलिस में बड़ा बदलाव: पहली बार सिविल सेवा अफसरों संग ट्रेनिंग लेंगे 17 नए DySP, बदल गए नियम - up police dysp training pattern change civil services 2026

सौजन्य से:- Jagran

यूपी पुलिस में बड़ा बदलाव: पहली बार सिविल सेवा अफसरों संग ट्रेनिंग लेंगे 17 नए DySP, बदल गए नियम

उत्तर प्रदेश में 17 नए डिप्टी एसपी का प्रशिक्षण अब 22 माह का होगा, जिसमें पहली बार वे सिविल सेवा अधिकारियों के साथ समन्वय प्रशिक्षण लेंगे। इसके साथ ही ...और पढ़ें

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- लखनऊ उत्तर प्रदेश प्रशासन एवं प्रबंधन अकादमी में दो माह के लिए जाएंगे डिप्टी एसपी

सचिन चौधरी, मुरादाबाद। डाॅ. भीमराव आंबेडकर पुलिस अकादमी में 16 अगस्त से 17 डिप्टी एसपी का प्रशिक्षण शुरू होगा। राज्य भर में तैनात होने वाले इन पुलिस अधिकारियों को पहली बार लखनऊ उत्तर प्रदेश प्रशासन एवं प्रबंधन अकादमी में भेजा जाएगा। जहां पर सिविल सेवा के अधिकारियों के साथ दो माह का समन्वय प्रशिक्षण होगा, जिससे नाम के अनुरूप ही पुलिस-प्रशासन के बीच समन्वय के गुर सीखे जा सकें।

इसके अलावा हर बार की तरह अकादमी में 13 माह का प्रशिक्षण व छह महीने की फील्ड ट्रेनिंग होगी। इसके बाद दोबारा एक माह का फाइनल प्रशिक्षण लेंगे। जिसके बाद इनकी मुख्यालय से तैनाती होगी। डाॅ. भीमराव आंबेडकर पुलिस अकादमी मुरादाबाद में डिप्टी एसपी प्रशिक्षण लेते हैं।

बीते करीब दस साल से डिप्टी एसपी का प्रशिक्षण करीब 18 माह का होता था, लेकिन डीजी ट्रेनिंग राजीव सभरवाल ने इसमें परिवर्तन किया है। अब डिप्टी एसपी का प्रशिक्षण 22 माह का होगा। इसमें दो माह का प्रशिक्षण लखनऊ उत्तर प्रदेश प्रशासन एवं प्रबंधन अकादमी में होगा।

इस अकादमी में पुलिस के अन्य विभागों से पीपीएस अधिकारी प्रशिक्षण लेते हैं। मुरादाबाद अकादमी में 16 अगस्त को 17 डिप्टी एसपी प्रशिक्षण लेने के लिए आ रहे हैं। इन सभी डिप्टी एसपी को 22 अगस्त को लखनऊ उत्तर प्रदेश प्रशासन एवं प्रबंधन अकादमी में भेजा जाएगा।

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वहां पर अन्य विभागों के पीपीएस अधिकारी भी प्रशिक्षण ले रहे हैं। उनके साथ में यह दो माह तक समन्वय प्रशिक्षण लेंगे। अधिकारियों का मानना है कि जब डिप्टी एसपी और पीपीएस अधिकारियों का प्रशिक्षण पूर्ण होगा और यह फील्ड में तैनात होंगे तो इसका लाभ इन्हें वहां मिलेगा।

ऐसा इसलिए कि पहले ही जब समन्वय बना होगा तो फील्ड में दिक्कत नहीं होगी। वहां पर प्रशिक्षण लेने के बाद यह वापस मुरादाबाद आएंगे। जहां पर 13 माह का प्रशिक्षण होगा और बाद में छह माह के लिए फील्ड में भेज दिया जाएगा। फिर दोबारा एक माह के लिए अकादमी में आएंगे और एक माह के बाद इनकी पासिंग आउट परेड होगी।

अब क्रिप्टो करेंसी की जांच भी करेंगे दारोगा

अब तक क्रिप्टो करेंसी का कोई भी मामला आने के बाद उसकी जांच भारत में क्रिप्टोकरेंसी से जुड़े मामलों की जांच मुख्य रूप से प्रवर्तन निदेशालय, भारतीय वित्तीय खुफिया इकाई और केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो जैसी प्रमुख एजेंसियां करती हैं।

अपराध की प्रकृति के आधार पर अलग-अलग विभाग कार्रवाई संभालते हैं, लेकिन अब इस मामले की जांच यूपी पुलिस के दारोगा भी कर सकेंगे। हाल ही में उत्तर प्रदेश में चार हजार से अधिक दारोगा भर्ती हुई है। उनका बहुत ही जल्द प्रशिक्षण शुरू होने वाला है।

उसे प्रशिक्षण में इस बार दारोगा क्रिप्टो करेंसी जांच करना भी सीखेंगे। कोर्स में इसे शामिल कर लिया गया है। ऐसा पहली बार होगा की यूपी पुलिस को इस मामले की जांच का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा।

दारोगा को प्रशिक्षण देने वाले इंस्पेक्टर और दारोगा को क्रिप्टो करेंसी की जांच कैसे कर सकेंगे इसका प्रशिक्षण देने के लिए प्रशिक्षित किया गया है। इसके अलावा प्रशिक्षण के दौरान अकादमी में प्रवर्तन निदेशालय, भारतीय वित्तीय खुफिया इकाई और केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो जैसी प्रमुख एजेंसियों से अधिकारियों को बुलाकर भी दारोगाओं को प्रशिक्षण दिलाया जाएगा।

पहली बार डिप्टी एसपी सिविल सेवा के अधिकारियों के साथ लखनऊ उत्तर प्रदेश प्रशासन एवं प्रबंधन अकादमी में दो माह का समन्वय प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे। इस प्रशिक्षण उद्देश्य है कि जब यह प्रशिक्षण पूर्ण करने के बाद फील्ड में जाए तो अन्य विभागों के अधिकारियों के साथ इन्हें समन्वय बनाने में कोई दिक्कत न हो। पहली दारोगा क्रिप्टो करेंसी की जांच करना सीखेंगे। इसे दारोगा के कोर्स में शामिल किया गया है। इसके लिए इंस्पेक्टर और डिप्टी एसपी को प्रशिक्षित किया है।

- राजीव सभरवाल, डीजी ट्रेनिंग

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