होमकृषिमुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ चीनी के जमाखोरों पर सख्त, 400 टन से अधिक के भंडारण पर कार्रवाई का निर्देश - cm yogi adityanath strict on sugar hoarders orders action against stocks exceeding 400 tonnes
कृषि

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ चीनी के जमाखोरों पर सख्त, 400 टन से अधिक के भंडारण पर कार्रवाई का निर्देश - cm yogi adityanath strict on sugar hoarders orders action against stocks exceeding 400 tonnes

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ चीनी के जमाखोरों पर सख्त, 400 टन से अधिक के भंडारण पर कार्रवाई का निर्देश CM Yogi Adityanath: मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में चीनी का पर्याप्त स्टाक है, जो छह माह की आवश्यकता के अनुरूप है। Hig…

Jagran के अनुसार22 अगस्त 2026 को 07:55 pm बजे
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ चीनी के जमाखोरों पर सख्त, 400 टन से अधिक के भंडारण पर कार्रवाई का निर्देश
 - cm yogi adityanath strict on sugar hoarders orders action against stocks exceeding 400 tonnes

सौजन्य से:- Jagran

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ चीनी के जमाखोरों पर सख्त, 400 टन से अधिक के भंडारण पर कार्रवाई का निर्देश

CM Yogi Adityanath: मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में चीनी का पर्याप्त स्टाक है, जो छह माह की आवश्यकता के अनुरूप है।

HighLights

- मुख्यमंत्री ने कहा, प्रदेश में पर्याप्त है स्टाक, छह माह की जरूरत के अनुरूप चीनी उपलब्ध

- जिला स्तर पर लोगों को दी जाएगी सही जानकारी, कृत्रिम कमी पैदा करने वालों पर होगी कार्रवाई

- डीएम गोदामों का करेंगे भौतिक सत्यापन, अफवाह फैला डर पैदा करने वालों पर भी होगी सख्ती

राज्य ब्यूरो, लखनऊ। देश और प्रदेश में चीनी के दामों में और बढ़ोतरी की आशंका के बीच सरकार ने बाजार पर निगरानी बढ़ा दी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को चीनी की उपलब्धता को लेकर लोगों को आश्वस्त किया कि प्रदेश में इसकी पर्याप्त उपलब्धता है।

सीएम योगी आदित्यनाथ ने केंद्र सरकार के निर्देशों का कड़ाई से पालन करने, जमाखोरी और कालाबाजारी पर कठोर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। सरकार ने तय कराया है कि कोई डीलर 30 दिनों से अधिक का स्टाक नहीं रख सकेगा और एक समय में उसके पास 400 टन से ज्यादा चीनी का भंडारण नहीं होना चाहिए।

बल्क कंज्यूमर्स (10 टन प्रतिमाह खपत) भी 15 दिनों से अधिक का स्टाक नहीं रख सकेंगे। चीनी मिलों को भी अपने मासिक कोटे के तहत बेची गई चीनी को बिक्री की तारीख से सात दिनों से अधिक गोदाम में रोकने की अनुमति नहीं होगी। मुख्यमंत्री ने शाम को वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से अधिकारियों को स्थानीय स्तर पर लोगों को चीनी की उपलब्धता की सही जानकारी देने के भी निर्देश दिए।

चीनी की उपलब्धता और कीमतों की समीक्षा बैठक में शनिवार को मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की चीनी मिलों में वर्तमान में 179.38 लाख क्विंटल चीनी का भंडार उपलब्ध है। इसमें सहकारी चीनी मिलों में 23.60 लाख क्विंटल, निगम की चीनी मिलों में 5.28 लाख क्विंटल और निजी चीनी मिलों में 150.50 लाख क्विंटल चीनी उपलब्ध है।

इसके अतिरिक्त जून व जुलाई में चीनी मिलों ने 235 लाख क्विंटल चीनी की बिक्री की है, इसमें से अधिकांश चीनी अब भी खुले बाजार में उपलब्ध है। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि आवश्यकता पड़ने पर चीनी मिलें 15 अक्टूबर से संचालित की जाएं।

उन्होंने लोगों से अपील की है कि चीनी की कमी बताकर भ्रम फैलाने वालों से सावधान रहें। मुख्यमंत्री ने प्रशासनिक अधिकारियों को निर्देश दिए कि चीनी की कालाबाजारी और भ्रम फैलाने वालों पर कड़ी कार्रवाई करें। सभी डीएम को पंजीकृत चीनी मिलों, थोक व फुटकर विक्रेताओं के गोदामों का भौतिक सत्यापन कर उपलब्ध स्टाक की वास्तविक स्थिति की जांच कराने का निर्देश दिया गया है।

निर्धारित सीमा से अधिक स्टाक रखने या जमाखोरी पर कठोर कार्रवाई की जाएगी। बैठक में बताया गया कि जिले में चीनी की उपलब्धता और कीमतों पर सतत निगरानी रखी जाए। किसी भी प्रकार की कृत्रिम कमी या मूल्यवृद्धि की स्थिति में तत्काल शासन को जानकारी दी जाए।

पेराई सत्र 2026-27 के लिए 28.14 लाख हेक्टेयर गन्ना क्षेत्रफल संभावित है। इससे 90 लाख टन चीनी उत्पादन की संभावना है। प्रदेश में प्रतिमाह अनुमानित चीनी खपत लगभग चार लाख टन है। पेराई सत्र 2025-26 में 48 लाख किसानों को 32,554 करोड़ रुपये से अधिक का भुगतान भी किया गया है।

वहीं शाम को वीडियो कान्फ्रेंसिंग में मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में चीनी का पर्याप्त स्टाक है, जो छह माह की आवश्यकता के अनुरूप है। अधिकारी, स्थानीय स्तर पर लोगों को चीनी की उपलब्धता की सही जानकारी दें, जिससे अनावश्यक चिंता या कोई अफवाह न फैले। डीएम, संबंधित अधिकारियों और व्यापारियों के साथ बेठक कर स्थानीय स्तर पर व्यवस्थाएं करें।

Powered by CM Sarkar Geeta Reporter

संबंधित ख़बरें